Skip to content
City Super Fast News

City Super Fast News

Your Voice…

Primary Menu

शिशु व बाल मृत्यु में वृद्धि का एक प्रमुख कारण मातृ एवं शिशु कुपोषण है-डीएम

ब्यूरो 01-07-2022

हमारे पोस्ट को करें:

  • Share on X (Opens in new window) X
  • Share on Facebook (Opens in new window) Facebook
  • Share on LinkedIn (Opens in new window) LinkedIn
  • Share on Tumblr (Opens in new window) Tumblr
  • Share on Pinterest (Opens in new window) Pinterest
  • Share on WhatsApp (Opens in new window) WhatsApp
IMG-20220701-WA0017

गाजीपुर 01 जुलाई, 2022 (सू.वि)। वृहस्पतिवार की देर शाम जिलाधिकारी एम पी सिंह की अध्यक्षता में ‘‘संभव‘‘ अभियान 2022 के क्रियान्वयन के संबंध में अंतर विभागीय समन्वय बैठक हुई। बैठक का सफल संचालन डीपीओ दिलीप पाण्डेय ने किया।

बैठक की अध्यक्षता करते हुए जिलाधिकारी ने कहा कि बच्चों के बेहतर भविष्य और अधिक समृद्ध समाज के लिए पोषण अत्यन्त आवश्यक है। शिशु व बाल मृत्यु में वृद्धि का एक प्रमुख कारण मातृ एवं शिशु कुपोषण है। कुपोषण की रोकथाम में सबसे बड़ी चुनौती समाज, परिवार एवं व्यक्ति के स्तर पर पोषण सम्बन्धी मौजूदा व्यवहारों, धारणाओं, मिथकों में परिवर्तन लाना है। इसी उद्देश्य से गत वर्ष नवाचार के रूप में ‘सम्भव‘ अभियान शुरू हुआ, जिसमें विशेष रूप से सैम एवं मैम से ग्रसित बच्चों का सही चिन्हांकन, उपचार, सन्दर्भन एवं समुदायिक स्तर पर उनके प्रबन्धन के साथ-साथ कुपोषण की रोकथाम हेतु सामुदायिक व्यवहार परिवर्तन पर जोर दिया गया। इस अभियान की सफलता एवं इससे प्राप्त अनुभवो के आधार पर वर्ष 2022 में 01 जुलाई से 30 सितम्बर तक ‘सम्भव‘ अभियान का पुनः आयोजन होगा। इस अभियान में कुपोषित (सैम, मैम, गम्भीर अल्प वजन एवं लो बर्थ वेट बच्चों के चिन्हांकन, सन्दर्भन, उपचार एवं प्रबन्धन के साथ-साथ कुपोषण से बचाव हेतु भी सामुदायिक गतिविधियों का आयोजन किया जायेगा। इस अभियान को 03 मुख्य मासिक थीम एवं साप्ताहिक थीम पर विभाजित किया गया है। बैठक में जिलाधिकारी ने स्वास्थ्य, पंचायती राज, ग्राम्य विकास, शिक्षा, खाद्य एवं रसद, पशुपालन, उद्यान एवं आयुष विभाग के उत्तरदायित्वो को बताया, उन्होंने कहा कि अधिकारी ‘संभव‘ अभियान के तहत सौपे गए दायित्वों का निर्वहन पूरी निष्ठा के साथ करें। जिलाधिकारी ने कहा कि संभव अभियान से पूर्व सभी आंगनबाड़ी केंद्रों पर 25 से 30 जून के मध्य लिये गये वजन एवं ऊंचाई को लिपिबद्ध करते हुए इसकी फीडिंग पोषण ट्रैकर एप पर किये जाये तथा इसका ब्लॉक एवं जिला स्तर पर नियमित पर्यवेक्षण एवं अनुश्रवण किया जाए। इसमें शिथिलता बरतने वाले सीडीपीओ एवं संबंधित पर कठोर कार्यवाही अमल में लाई जाएगी।
डीपीओ दिलीप पाण्डेय ने बताया कि ‘संभव‘ अभियान के तहत माह जुलाई को स्तनपान पर विविध गतिविधियां आयोजित होंगी। प्रथम सप्ताह गर्भावस्था के आखिरी त्रैमास में स्तनपान प्रोत्साहन, द्वितीय सप्ताह जन्म के समय कम वजन वाले बच्चे की देखभाल, तीसरे सप्ताह कंगारू मदर केयर, चतुर्थ सप्ताह स्तनपान तकनीक जुड़ाव की स्थिति। माह अगस्त को ऊपरी आहार की विविध गतिविधियां आयोजित होगी। प्रथम सप्ताह सही समय पर शुरुआत, द्वितीय सप्ताह सही समय पर सही आहार, तृतीय सप्ताह भोजन की मात्रा एवं विविधता, चतुर्थ सप्ताह बीमार बच्चे का भोजन। माह सितंबर में पोषण माह गतिविधियां आयोजित होगी। प्रथम सप्ताह दस्त से बचाव एवं प्रबंधन द्वितीय सप्ताह साफ सफाई स्वच्छता एवं पोषण का महत्व, तृतीय सप्ताह छोटे बच्चों में एनीमिया व अन्य सूक्ष्म पोषक तत्वों का आच्छादन, चतुर्थ सप्ताह वजन सप्ताह होगा।

मासिक थीम पर पोषण पाठशाला का आयोजन
‘सम्भव‘ अभियान की मासिक थीम पर विषय विशेषज्ञों द्वारा आवश्यक परामर्श हेतु पोषण पाठशाला का आयोजन एनआईसी से वीडियो कान्फ्रेन्सिंग से किया जाएगा, जिससे वेबकास्ट के माध्यम से लाभार्थी एवं अभिभावक, आंगनबाड़ी केन्द्रों पर उपस्थित होकर पोषण सम्बन्धी जानकारी प्राप्त कर सकेंगे।

अगस्त माह में पोषण चौपाल का आयोजन
इस चौपाल में कुपोषित बच्चों के माता-पिता को बुलाते हुये उनसे संसाधनों की आवश्यकता के बारे में पूछा जायेगा यथा-पोषण वाटिका, शौचालय, पशुपालन, राशन कार्ड, जॉब कार्ड आदि परचर्चा की जायेगी। विभिन्न कनवर्जेंस विभागों के साथ समन्वय स्थापित कर यथासंभव आवश्यक सेवाएं, सहायता प्रदान की जायेंगी।

सितम्बर माह में सुपोषण दिवस का पोषण उत्सव के रूप में आयोजन
आंगनबाडी कार्यकत्री लाभार्थियों को पोषाहार वितरण के समय आंगनबाड़ी केन्द्र पर ग्राम प्रधान के साथ मिलकर अपने गांव में जन्म के समय कम वजन, सैम व गंभीर अल्पवजन बच्चों व कुपोषित सभी बच्चों के परिवारों विशेषकर पिता के साथ पोषण उत्सव मनाया जायेगा। बच्चों के पोषण को उनके स्वास्थ्य व शिक्षा से जोड़ते हुये बच्चों के अभिभावकों को विशेष रूप से शिक्षित किया जाएगा।

पोषण पंचायत का आयोजन
इसमें ग्राम स्वास्थ्य स्वच्छता समिति के सदस्यों व समुदाय के चयनित लोगों को आमंत्रित करते हुये उन्हें पोषण देखभाल, साफ-सफाई संबंधी व्यवहार तथा कुपोषण के कारकों पर चर्चा की जायेगी। बैठक में ग्राम प्रधान व समिति के सदस्यों के साथ-साथ स्कूल के शिक्षक-शिक्षिका, आशा व एएनएम को भी आमंत्रित किया जाएगा। बैठक में कुपोषण का बच्चों की सीखने की क्षमता, स्वास्थ्य पर प्रभाव आदि विषयों पर चर्चा की जायेगी। सितम्बर माह में पोषण माह की थीम पर चर्चा होंगी।

मासिक थीम आधारित गृह भ्रमण
जुलाई माह में सभी आखिरी त्रैमास की गर्भवती महिलाओं व 0-6 माह के बच्चों के घर आशा के साथ संयुक्त रूप से भ्रमण करेंगी तथा माह के विभिन्न साप्ताहिक थीम जैसे- स्तनपान की सही समय पर शुरूआत, कम वजन के बच्चों की देखभाल कंगारू मदर केयर पर चर्चा की जायेगी। अगस्त माह में 6 माह से 2 वर्ष के बच्चों के घर आंगनबाड़ी कार्यकत्री भ्रमण करेंगी तथा उनके स्वास्थ्य स्तर की जानकारी, ऊपरी आहार व स्तनपान संबंधी जानकारी, पोषण स्तर का आंकलन करते हुये परामर्श दिया जायेगा। बैठक में अपर जिलाधिकारी वि0रा0 अरूण कुमार सिंह , डी एफ ओ, पी डी डी आर डी ए, समस्त सम्बन्धित विभाग के अधिकारीगण उपस्थित थे।

संबंधित समाचार

Post navigation

Previous: भूजल के संरक्षण और संवर्धन पर दिया गया बल
Next: जयकारे के साथ निकली रथयात्रा

हो सकता है आप चूक गए हों

IMG-20260313-WA0022

प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि की 22वीं किस्त का हुआ वितरण

ब्यूरो 13-03-2026
IMG-20260313-WA0021

गैस सिलेंडर की कालाबाजारी पर प्रशासन सख्त, डीएम ने एजेंसी प्रतिनिधियों संग की बैठक

ब्यूरो 13-03-2026
IMG-20260313-WA0020

जिलाधिकारी की अध्यक्षता में जिला खेल विकास एवं प्रोत्साहन समिति की बैठक सम्पन्न

ब्यूरो 13-03-2026
CSF-Logo-500x280

आवासीय खेल छात्रावास के लिए 23 से 26 मार्च तक होंगे चयन ट्रायल

ब्यूरो 13-03-2026
Copyright © All rights reserved. | MoreNews by AF themes.