जमानियां। दहेज उत्पीड़न और मारपीट के एक मामले में विवाहिता की तहरीर पर पुलिस ने पति सहित ससुराल पक्ष के लोगों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार क्षेत्र के ग्राम मत्तसा निवासी नीलम यादव ने पुलिस अधीक्षक, गाजीपुर को दिए गए प्रार्थना पत्र में बताया कि उसकी शादी 23 जून 2021 को हिंदू रीति-रिवाज के अनुसार ग्राम ताजपुर मांझा निवासी राम आशीष यादव पुत्र वासुदेव यादव के साथ हुई थी। विवाह के समय मायके पक्ष द्वारा अपनी सामर्थ्य के अनुसार लगभग पांच लाख रुपये नकद, सोने की सिकड़ी व अंगूठी, सुपर स्प्लेंडर मोटरसाइकिल, घरेलू सामान, फर्नीचर, इलेक्ट्रॉनिक सामान सहित अन्य उपहार दिए गए थे। पीड़िता का आरोप है कि शादी के बाद से ही पति और ससुराल पक्ष के लोग दहेज में चार पहिया वाहन की मांग को लेकर असंतुष्ट रहने लगे और उसे मानसिक व शारीरिक रूप से प्रताड़ित किया जाने लगा। आरोप है कि पति राम आशीष यादव, ससुर वासुदेव यादव, सास तारा देवी तथा जेठ रामाश्रय यादव द्वारा लगातार दहेज की मांग को लेकर मारपीट, अपमान और धमकियां दी जाती रहीं।
पीड़िता के अनुसार 27 अक्टूबर 2024 की सुबह करीब आठ बजे दहेज में कार न मिलने को लेकर उसके साथ गाली-गलौज करते हुए बेरहमी से मारपीट की गई। इस दौरान बाल पकड़कर आभूषण व कपड़े छीन लिए गए और जान से मारने की धमकी देते हुए घर से निकाल दिया गया। किसी तरह पड़ोसियों की मदद से वह अपने मायके पहुंची। बाद में जब मायके पक्ष के लोग समझौते के लिए ससुराल गए तो उन्हें भी गाली-गलौज कर जान से मारने की धमकी देकर भगा दिया गया। पीड़िता ने यह भी आरोप लगाया कि पंचायत के कई प्रयासों के बावजूद ससुराल पक्ष बिना दहेज के उसे रखने को तैयार नहीं है। जबरन आने पर जान से मारने तथा दूसरी शादी करने की धमकी दी जा रही है। फोन करने पर भी पति द्वारा गाली-गलौज और धमकी दी जाती है। इस संबंध में थाना प्रभारी राम सजन नागर ने बताया कि पीड़िता की तहरीर के आधार पर संबंधित धाराओं में प्राथमिकी दर्ज कर ली गई है और मामले की जांच की जा रही है।