गाजीपुर। स्नातकोत्तर महाविद्यालय में वीर बहादुर सिंह पूर्वांचल विश्वविद्यालय, जौनपुर द्वारा आयोजित बीएड द्वितीय सेमेस्टर की परीक्षा बुधवार को शांतिपूर्वक संपन्न हो गई। परीक्षा के दौरान नकल करते हुए पकड़े गए 5 छात्र-छात्राओं को विश्वविद्यालय द्वारा रिस्टीकेट कर दिया गया है।

प्राचार्य प्रो. (डॉ.) राघवेन्द्र कुमार पाण्डेय ने जानकारी देते हुए बताया कि बीएड परीक्षा में कुल 1496 परीक्षार्थियों ने पंजीकरण कराया था, जिनमें से 1467 छात्र-छात्राएं परीक्षा में सम्मिलित हुए, जबकि 29 अनुपस्थित रहे। परीक्षा की निगरानी प्रॉक्टोरियल बोर्ड, आंतरिक उड़ाका दल तथा असिस्टेंट प्रोफेसर डॉ. श्रवण कुमार शुक्ल द्वारा की गई। इस दौरान 5 छात्र-छात्राएं अनुचित साधनों (यूएफएम) का प्रयोग करते हुए पकड़े गए। प्राचार्य ने बताया कि विश्वविद्यालय के निर्देशानुसार सभी पकड़े गए छात्रों के विरुद्ध अनुशासनात्मक कार्रवाई करते हुए उन्हें रिस्टीकेट कर दिया गया है।
इसी दिन के दूसरे सत्र में एमएससी (एजी) तथा बीपीई की परीक्षा आयोजित हुई, जिसमें सभी परीक्षार्थी उपस्थित रहे। वहीं बीएड की परीक्षा में 26 और बीए व बीएड की सम्मिलित परीक्षा में कुल 35 नकलचियों को पकड़ा गया। प्राचार्य पाण्डेय ने कहा कि परीक्षा केंद्र पर सुरक्षा के सख्त इंतजामों के बावजूद नकल की घटनाएं सामने आई हैं, जिससे प्रशासन पूरी तरह सतर्क हो गया है। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि भविष्य में ऐसे प्रयासों को रोकने के लिए और कड़े कदम उठाए जाएंगे। इस घटना के बाद कॉलेज परिसर में नकलचियों के बीच डर का माहौल बना हुआ है और यह चर्चा का विषय भी बना हुआ है। प्राचार्य ने अंत में बताया कि विश्वविद्यालय की सभी परीक्षाएं 4 जून को संपन्न हो गईं तथा 5 जून 2025 से महाविद्यालय में ग्रीष्मावकाश घोषित कर दिया गया है।