ग़ाज़ीपुर,14 सितम्बर। 2012 में जब 108 एंबुलेंस की शुरुआत के गई थी तब किसी को यह उम्मीद नहीं थी कि एंबुलेंस सेवा आमजन के लिए इतनी लोकप्रिय हो जाएगी। जिसका नज़ारा आए दिन देखने को मिल रहा है, खासकर ग्रामीण इलाकों में। ऐसा ही बुधवार की सुबह हुआ जब देवकली ब्लाक के पियरी गांव से 108 एंबुलेंस के लिए कॉल आया। बताया गया की गर्भवती को प्रसव पीड़ा है जिसके बाद ईएमटी और पायलट बताए गए लोकेशन पर पहुंचे। जैसे ही वह गर्भवती को गांव से लेकर चले और गांव से बाहर पहुंचते ही प्रसव पीड़ा बढ़ गई। एंबुलेंस को किनारे लगा कर एंबुलेंस के अंदर प्रसव कराना पड़ा।
108 एंबुलेंस के प्रभारी मोहम्मद फरीद ने बताया कि बुधवार की सुबह 108 एंबुलेंस के लिए पियरी गांव से फोन आया। बताया गया कि गर्भवती अनिता 24 वर्ष पत्नी लक्ष्मण को प्रसव पीड़ा है। जिसके बाद बताएंगे लोकेशन पर पायलट संतोष और ईएमटी राजेंद्र प्रसाद पहुंचे । इन लोगों ने गर्भवती, आशा कार्यकर्ता बिंदु और परिजन को लेकर स्वास्थ्य केंद्र के लिए चल दिए। लेकिन जैसे ही गांव के बाहर पहुंचे गर्भवती को अचानक से प्रसव पीड़ा बढ़ गई । जिसके बाद एंबुलेंस को सड़क के किनारे लगा कर एंबुलेंस के अंदर ही परिजन ,आशा कार्यकर्ता और ईएमटी के मदद से प्रसव कराया गया। और गर्भवती ने बच्चे को जन्म दिया। प्रसव के पश्चात जच्चा और बच्चा को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र देवकली पहुंचाया गया। जहां पर डॉक्टरों ने दोनों को सुरक्षित बताया।