गाज़ीपुर| त्योहारों का सीजन नजदीक है, ऐसे में घर और आसपास की साफ-सफाई पर विशेष ध्यान देने की जरूरत है। मुख्य चिकित्सा अधिकारी (सीएमओ) डॉ. सुनील पांडेय ने बताया कि घर की छतों, गमलों, टायरों, कूलर, बोतलों आदि में जमा पानी को तुरंत हटा दें। जल जमाव और गंदगी मच्छरों के लार्वा पनपने का कारण बनती है, जिससे डेंगू, मलेरिया और अन्य संचारी रोग फैलते हैं। उन्होंने कहा कि त्योहारों के दौरान सभी का स्वास्थ्य बेहतर रहे, इसके लिए जागरूक और सतर्क रहना आवश्यक है। सीएमओ ने बताया कि वर्तमान में स्वास्थ्य विभाग समेत 10 विभागों के सहयोग से जनपद में विशेष संचारी रोग नियंत्रण अभियान चलाया जा रहा है। इसके अंतर्गत निरोधात्मक गतिविधियां और जन-जागरूकता कार्यक्रम लगातार आयोजित किए जा रहे हैं। जिला मलेरिया अधिकारी (डीएमओ) मनोज कुमार ने बताया कि जनपद में मच्छर जनित रोगों की रोकथाम के लिए घर-घर जन-जागरूकता अभियान चलाया जा रहा है। आशा कार्यकर्ता लोगों को बदलते मौसम और साफ-सफाई के महत्व के बारे में जानकारी दे रही हैं। शहरी क्षेत्रों में नगर पालिका की टीम द्वारा फॉगिंग और एंटी लार्वा छिड़काव का कार्य किया जा रहा है, ताकि इन बीमारियों के प्रसार को रोका जा सके।
डीएमओ ने बताया कि मच्छर जनित बीमारियों से बचाव के लिए साफ-सफाई रखना, जल जमाव न होने देना, झाड़ियों की कटाई, नालियों की सफाई करना जरूरी है। साथ ही, रुके पानी में जला हुआ मोबिल ऑयल या मिट्टी का तेल डालकर लार्वा को नष्ट करें। घरों में मच्छरदानी, मच्छर रोधी क्रीम और जालियां लगाएं। उन्होंने बताया कि इस वर्ष अब तक 30 डेंगू मरीज पाए गए हैं, जबकि किसी की मृत्यु नहीं हुई है। वर्ष 2024 में 112, 2023 में 283, 2022 में 190 और 2021 में 112 डेंगू के पुष्ट मरीज मिले थे। पिछले दो वर्षों से कालाजार का कोई मरीज नहीं मिला है। वहीं, बाहर से आए 11 मलेरिया मरीज स्वस्थ हो चुके हैं। त्योहारों के दौरान संक्रमण की आशंका को देखते हुए सभी स्वास्थ्य संस्थानों को हाई अलर्ट पर रखा गया है। सीएमओ ने बताया कि बुखार की स्थिति में मरीज को आराम करना चाहिए तथा तरल पदार्थों जैसे जूस, नारियल पानी, ओआरएस, दाल का पानी, दूध-छाछ आदि का सेवन अधिक करना चाहिए। तले-भुने या भारी भोजन और दर्द निवारक दवाओं से परहेज करें। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि डेंगू, मलेरिया और सामान्य बुखार के लक्षणों में अंतर समझना आवश्यक है। मलेरिया में बुखार ठंड देकर आता है। डेंगू में लगातार बुखार के साथ हड्डियों और जोड़ों में दर्द रहता है। ऐसे किसी भी लक्षण के प्रकट होने पर तुरंत नजदीकी प्राथमिक या सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पर जाकर जांच करवानी चाहिए। सभी सरकारी स्वास्थ्य केंद्रों पर डेंगू और मलेरिया के इलाज की सुविधाएं उपलब्ध हैं।