गाजीपुर। जिलाधिकारी अनुपम शुक्ला की अध्यक्षता में शुक्रवार को कलेक्ट्रेट सभागार (राइफल क्लब) में राजस्व विभाग की मासिक स्टाफ बैठक आयोजित की गई। बैठक में राजस्व कार्यों की समीक्षा करते हुए जिलाधिकारी ने लंबित प्रकरणों के शीघ्र निस्तारण और राजस्व वसूली में तेजी लाने के निर्देश दिए। समीक्षा के दौरान धारा-33 के मामलों में अपेक्षित प्रगति न मिलने पर जिलाधिकारी ने तहसीलदार सेवराई से स्पष्टीकरण तलब किया। उन्होंने स्टांप शुल्क, वाहन कर, रॉयल्टी, विविध देय एवं भू-राजस्व की मांग और वसूली की समीक्षा करते हुए बड़े बकायेदारों से प्राथमिकता के आधार पर राजस्व वसूली सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
जिलाधिकारी ने दाखिल-खारिज, लंबित एवं विवादित वादों के समयबद्ध निस्तारण पर विशेष जोर देते हुए कहा कि सरकार की मंशा के अनुरूप राजस्व कार्यों का निष्पादन किया जाए, ताकि आमजन को योजनाओं का लाभ आसानी से मिल सके।.उन्होंने सभी उपजिलाधिकारियों को निर्देश दिया कि पांच वर्ष से अधिक पुराने मुकदमों की प्रतिदिन सुनवाई कर विशेष अभियान चलाते हुए अगले 15 दिनों के भीतर उनका निस्तारण सुनिश्चित करें। साथ ही एक वर्ष से अधिक एवं तीन वर्ष से कम अवधि के लंबित मामलों, धारा-24, धारा-34, धारा-80 तथा धारा-116 के प्रकरणों का भी समयबद्ध निस्तारण किया जाए।.बैठक में धारा-67 के मामलों की सुनवाई एवं निष्पादन में गंभीरता बरतने के निर्देश देते हुए जिलाधिकारी ने उपजिलाधिकारियों से इसकी नियमित समीक्षा करने को कहा। इसके अलावा राजस्व ग्रामों में खेल मैदान, सीमा स्तंभ, कृषि भूमि पट्टा, आवासीय भूमि आवंटन, अंश निर्धारण एवं अंश संशोधन की प्रगति की भी समीक्षा कर आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।बैठक में अपर जिलाधिकारी (वित्त एवं राजस्व), मुख्य राजस्व अधिकारी, सभी उपजिलाधिकारी, तहसीलदार, नायब तहसीलदार एवं संबंधित राजस्व अधिकारी उपस्थित रहे।