गाजीपुर। उत्तर प्रदेश पुलिस के ‘ऑपरेशन कन्विक्शन’ अभियान के तहत प्रभावी पैरवी के परिणामस्वरूप मुहम्मदाबाद थाना क्षेत्र के आत्महत्या के लिए दुष्प्रेरण (आत्महत्या के लिए उकसाने) से जुड़े एक मामले में न्यायालय ने आरोपी को दोषी ठहराते हुए 10 वर्ष के साधारण कारावास की सजा सुनाई है।
पुलिस के अनुसार, थाना मुहम्मदाबाद में वर्ष 2016 में दर्ज मुकदमा संख्या 284/2016 के तहत अभियोजन पक्ष ने प्रभावी ढंग से पैरवी की। मामले में आरोप था कि दुष्कर्म को लेकर लगातार प्रताड़ना से परेशान होकर वादी की पुत्री ने दुपट्टे से फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली थी।मामले की सुनवाई के बाद न्यायालय ने अभियुक्त साहब पुत्र नारद, निवासी ग्राम रसूलपुर, थाना मुहम्मदाबाद, को भारतीय दंड संहिता की धारा 306 के तहत दोषी करार देते हुए 10 वर्ष के साधारण कारावास एवं 20 हजार रुपये के अर्थदंड की सजा सुनाई। न्यायालय ने यह भी निर्देश दिया कि अर्थदंड अदा न करने की स्थिति में अभियुक्त को एक माह का अतिरिक्त साधारण कारावास भुगतना होगा। पुलिस अधिकारियों ने बताया कि जनपद में गंभीर आपराधिक मामलों में त्वरित एवं प्रभावी पैरवी कर दोषियों को सजा दिलाने के लिए ऑपरेशन कन्विक्शन अभियान के तहत लगातार कार्रवाई की जा रही है।