Skip to content
City Super Fast News

City Super Fast News

Your Voice…

Primary Menu

हॉटस्पॉट इलाकों के नवजात शिशुओं की देखभाल के लिए परामर्श फोन द्वारा देगी आशा

ब्यूरो 27-07-2020

हमारे पोस्ट को करें:

  • Share on X (Opens in new window) X
  • Share on Facebook (Opens in new window) Facebook
  • Share on LinkedIn (Opens in new window) LinkedIn
  • Share on Tumblr (Opens in new window) Tumblr
  • Share on Pinterest (Opens in new window) Pinterest
  • Share on WhatsApp (Opens in new window) WhatsApp

गाजीपुर। कंटेन्मेंट जोन में निवास करने वाले नवजात शिशुओं का गृह आधारित नवजात देखभाल (एचबीएनसी) फॉलो अप आशा कार्यकर्ताओं द्वारा फोन के माध्यम से किया जायेगा।

यह निर्देश परिवार कल्याण महानिदेशक डा. मिथलेश चतुर्वेदी ने सहित प्रदेश के सभी मुख्य चिकित्सा अधिकारियों को पत्र भेजकर दिये हैं। पत्र में कहा गया है – फोन के मध्यम से फॉलो अप में आशा स्वयं कम वजन वाले बच्चों या समय से पूर्व जन्मे बच्चों या सिक न्यू बोर्न केयर यूनिट (एसएनसीयू) से डिस्चार्ज हुए बच्चों या घरेलू प्रसव को प्राथमिकता देते हुए सभी नवजात शिशुओं के परिवारों को परामर्श देंगी।
एसीएमओ व बाल रोग विशेषज्ञ डॉ उमेश कुमार ने बताया कि वह ही शिशु के स्वास्थ्य (खतरे के लक्षण) जैसे- सुस्ती /बेहोशी/ छूने पर ठंडा/गर्म/स्तनपान आदि के बारे में पूछेंगी। यदि प्रसव अस्पताल में हुआ है तो जन्म के समय बच्चे के वजन के बारे में भी पूछेंगी। इस दौरान वह माँ और परिवार को प्रसव के बाद महिला व शिशु में होने वाले खतरे के लक्षणों के बारे में बतायेंगी उनसे पूछेंगी और इस बात का आंकलन करेंगी कि नवजात को संदर्भन की जरूरत तो नहीं है। वह माँ और परिवार को केवल स्तनपान, कपड़े में लपेट कर कंगारू मदर केयर के बारे में सलाह देंगी साथ ही में वह यह भी सलाह देंगी कि यदि नवजात में किसी तरह के खतरे के लक्षण दिखें तो वह आशा और ब्लाक कम्युनिटी प्रोसेस मैनजर (बीसीपीएम) को सूचित करे और 102 एम्बुलेंस द्वारा वह बच्चे को संदर्भित कर आवश्यक सेवाएं दे।
नॉन कंटेन्मेंट जोन में एचबीएनसी का गृह भ्रमण आशाओं द्वारा सामजिक दूरी रखते हुए बिना स्पर्श किये हुए मास्क पहन कर एवं हाथों को उचित तरीके से साबुन व् पानी के साथ धोने से किया जाएगा। इस दौरान वह माँ और शिशु को नहीं छुएंगी। वह माँ और परिवार से ही शिशु के स्वास्थ्य (खतरे के लक्षण) जैसे- सुस्ती /बेहोशी/ छूने पर ठंडा/गर्म/स्तनपान आदि के बारे में पूछेंगी। साथ ही उपरोक्त बताई गयी सलाह को माँ और परिवार वालों को देंगी |

संबंधित समाचार

Post navigation

Previous: कस्बा हुआ सील, 11 जगह की गई बैरिकेटिंग
Next: नवजात शिशु को निमोनिया से बचाने के लिए वैक्सीन लॉच होगी आठ अगस्त को

हो सकता है आप चूक गए हों

220cc083-b67d-4913-a5d1-92e41a9f883e

विश्व पर्यावरण दिवस पर एनसीसी कैडेटों ने जगाई हरित चेतना, वृक्षारोपण कर दिया संरक्षण का संदेश

ब्यूरो 05-06-2026
5998070f-1688-4b50-8ed8-149e8da28720

आरक्षी भर्ती परीक्षा को लेकर प्रशासन सतर्क, डीएम-एसपी ने अधिकारियों को दिए कड़े निर्देश

ब्यूरो 04-06-2026
CSF-Logo-500x280

खेत पर गए युवक से मारपीट, आरोपी के खिलाफ मुकदमा दर्ज

ब्यूरो 04-06-2026
CSF-Logo-500x280

बच्चों के विवाद में युवक पर हमला, चार के खिलाफ मुकदमा दर्ज

ब्यूरो 04-06-2026
Copyright © All rights reserved. | MoreNews by AF themes.