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गाजीपुर। स्टेशन बाजार स्थित हिंदू स्नातकोत्तर महाविद्यालय में हिंदी एवं शोध अनुसंधान केंद्र तथा विज्ञान संकाय के संयुक्त तत्वावधान में “कंप्यूटर का विकास और उसका अनुप्रयोग” विषय पर एक विशेष संगोष्ठी का आयोजन किया गया। इस अवसर पर स्वामी सहजानंद स्नातकोत्तर महाविद्यालय के सहायक आचार्य डॉ. सुरेश कुमार प्रजापति ने मुख्य वक्ता के रूप में संबोधित किया और डिजिटल क्रांति के महत्व पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि शिक्षा के वैश्वीकरण ने डिजिटल तकनीकों को समय की अनिवार्य मांग बना दिया है। ऑनलाइन प्लेटफॉर्म के माध्यम से हम तकनीकी दक्षता प्राप्त कर अपनी दैनिक जरूरतों को अधिक सरल और प्रभावी बना सकते हैं।
कार्यक्रम संयोजक एवं हिंदी विभागाध्यक्ष प्रो. अखिलेश कुमार शर्मा ‘शास्त्री’ ने कहा कि डिजिटल तकनीकों का प्रयोग पहले से हो रहा था, किंतु कोविड-19 महामारी ने शैक्षणिक संस्थानों को पूरी तरह से ऑनलाइन शिक्षण प्रणाली अपनाने के लिए प्रेरित किया। विकसित देशों के पास पहले से ही इस संकट से निपटने के संसाधन उपलब्ध थे, जबकि विकासशील देशों को इस बदलाव के लिए संघर्ष करना पड़ा। बावजूद इसके, डिजिटल प्रौद्योगिकी ने शिक्षा को एक नई दिशा और सुदृढ़ आधार प्रदान किया।
संगोष्ठी के अगले चरण में भौतिक विज्ञान विभागाध्यक्ष डॉ. महेंद्र कुमार ने पावर प्वाइंट प्रेजेंटेशन के माध्यम से कंप्यूटर अनुप्रयोगों पर गहराई से चर्चा की। उन्होंने बताया कि आज की युवा पीढ़ी इलेक्ट्रॉनिक गैजेट्स की आदि हो चुकी है। यदि इन्हें शैक्षणिक प्रक्रिया में प्रभावी रूप से शामिल किया जाए, तो इससे विद्यार्थियों की रुचि और सहभागिता में उल्लेखनीय वृद्धि होगी। महाविद्यालय के प्राचार्य प्रो. श्रीनिवास सिंह ने अपने अध्यक्षीय उद्बोधन में कहा कि डिजिटल तकनीक ने शिक्षा प्रणाली में क्रांतिकारी बदलाव किए हैं। डिजिटल लर्निंग एक ऐसी प्रगतिशील रणनीति है, जो पाठ्यक्रम को अधिक रोचक और प्रभावशाली बनाती है, जिससे छात्र तेजी से और प्रभावी ढंग से ज्ञान अर्जित कर सकते हैं।
संगोष्ठी का कुशल संचालन हिंदी विभाग के सहायक आचार्य एवं महाविद्यालय के मीडिया प्रभारी डॉ. अभिषेक तिवारी ने किया, जबकि धन्यवाद ज्ञापन आईक्यूएसी प्रभारी प्रो. अरुण कुमार ने दिया। इस अवसर पर प्रदीप कुमार सिंह, कमलेश, संतोष प्रसाद, पप्पू कुमार, कुमकुम यादव, अंजली सिंह, शिवा, आशुतोष शर्मा सहित बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं उपस्थित रहे और इस ज्ञानवर्धक संगोष्ठी से लाभान्वित हुए।