गाजीपुर। रबी विपणन वर्ष 2025-26 के अंतर्गत मूल्य समर्थन योजना के तहत गेहूं खरीद की धीमी प्रगति पर जिलाधिकारी अविनाश कुमार ने नाराजगी जताई है। बुधवार को कलेक्ट्रेट सभागार में आयोजित समीक्षा बैठक में उन्होंने संबंधित विभागों को तीन दिन के भीतर औसत खरीद के लक्ष्य को हर हाल में पूरा करने के निर्देश दिए।बैठक में सामने आया कि पीसीएफ द्वारा अब तक 4.71 प्रतिशत, पीसीयू द्वारा 4.81 प्रतिशत, यूपीएसएस द्वारा 2.40 प्रतिशत, एनसीसीएफ द्वारा 4.65 प्रतिशत और भारतीय खाद्य निगम द्वारा 5.46 प्रतिशत ही गेहूं की खरीद हो सकी है। इसके उलट खाद्य विभाग ने 20.67 प्रतिशत और मंडी समिति ने 21.38 प्रतिशत गेहूं की खरीद कर बाकी एजेंसियों को पीछे छोड़ दिया है। जिलाधिकारी ने मंडी सचिवों पर विशेष नाराजगी जाहिर की और कहा कि जनपद में प्रवर्तन कार्य नहीं हो रहा है। उन्होंने सभी मंडी सचिवों को निर्देशित किया कि वे अवैध संचरण को रोकने के लिए सक्रिय रूप से प्रवर्तन कार्य करें, अन्यथा सख्त कार्रवाई की जाएगी।
बैठक में जिलाधिकारी ने समस्त उपजिलाधिकारियों को निर्देश दिया कि वे अपने-अपने बॉर्डर क्षेत्रों का निरीक्षण लगातार करते रहें, जिससे गेहूं लदे ट्रक जिले से बाहर न जा सकें। उन्होंने सभी क्रय केंद्र प्रभारियों को खरीद प्रक्रिया में तेजी लाने और समयबद्ध लक्ष्य प्राप्त करने पर बल दिया। समीक्षा बैठक में अपर जिलाधिकारी (वि/रा), जिला खाद्य विपणन अधिकारी, सहायक आयुक्त सहकारी समितियां, जिला प्रबंधक (पीसीएफ, पीसीयू, यूपीएसएस, एनसीसीएफ), भारतीय खाद्य निगम के प्रबंधकगण, मंडी समिति जंगीपुर के सचिव, मंडी निरीक्षक, विपणन अधिकारी और समस्त गेहूं क्रय केंद्र प्रभारी उपस्थित रहे।