दिलदारनगर (गाजीपुर)। मामूली सी बात ने जिले के उसिया गांव में बड़ा खूनी विवाद का रूप ले लिया। दिलदारनगर थाना क्षेत्र के अंतर्गत रविवार 2 जून को पड़ोसी के घर में उड़कर गया एक कागज 45 वर्षीय जीतन यादव की जान ले गया। जानकारी के अनुसार, जीतन यादव की छत से एक कागज उड़कर पड़ोसी फेरु यादव के घर जा पहुंचा। फेरु यादव के परिजनों ने इसे जानबूझकर किया गया कृत्य समझते हुए आपत्ति जताई। जब जीतन यादव वह कागज लेने उनके घर पहुंचे तो दोनों पक्षों के बीच कहासुनी हो गई, जो देखते ही देखते हिंसक झड़प में बदल गई। आरोप है कि इसी दौरान फेरु यादव के परिजनों ने जीतन यादव के सिर पर फावड़े से जानलेवा हमला कर दिया। उन्हें बचाने पहुंचे छोटे भाई बबुआ यादव को भी पीट-पीटकर गंभीर रूप से घायल कर दिया गया।
घायल दोनों भाइयों को पहले स्थानीय निजी अस्पताल ले जाया गया, फिर हालत गंभीर होने पर जिला अस्पताल होते हुए वाराणसी ट्रॉमा सेंटर रेफर किया गया। गुरुवार को इलाज के दौरान जीतन यादव की मौत हो गई, जबकि बबुआ यादव की हालत अब स्थिर बताई जा रही है। घटना के बाद गांव में तनाव का माहौल है। पुलिस ने एहतियातन गांव में अतिरिक्त पुलिस बल की तैनाती कर दी है। पीड़ित के पिता रामजी यादव की तहरीर पर पुलिस ने आरोपी अनिल यादव, रणजीत यादव, लोरिक यादव और रिकेश यादव के खिलाफ हत्या और मारपीट की धाराओं में मुकदमा दर्ज कर लिया है। थाना प्रभारी अशोक मिश्र ने बताया कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट के आधार पर आगे और धाराएं बढ़ाई जाएंगी। संवेदनशील मामला होने के चलते पुलिस हर गतिविधि पर नजर बनाए हुए है।