गाजीपुर। महिला सहायता प्रकोष्ठ एवं परिवार परामर्श केंद्र की पहल से गुरुवार को आठ परिवारों में आपसी सुलह कराकर दंपतियों को पुनः साथ रहने के लिए विदा किया गया। पुलिस अधीक्षक के निर्देशन में आयोजित परामर्श सत्र में पति-पत्नी के बीच लंबे समय से चल रहे विवादों को मध्यस्थता के माध्यम से सुलझाने का प्रयास किया गया।
परिवार परामर्श केंद्र में कुल 22 प्रकरणों की सुनवाई हुई। इनमें से 8 मामलों में दोनों पक्षों की सहमति से आपसी मतभेद दूर कर बिना किसी दबाव के समझौता कराया गया, जिसके बाद दंपतियों की सकुशल विदाई कराई गई। इसके अलावा 3 मामलों में विवाद का समाधान होने के बाद पत्रावली बंद कर दी गई, जबकि 5 प्रकरणों में पक्षकारों को विधिक परामर्श देकर निस्तारण किया गया। शेष मामलों में सहमति नहीं बनने पर अगली सुनवाई की तिथि निर्धारित की गई। परामर्श प्रक्रिया में काउंसलर कमरुद्दीन, पूजा श्रीवास्तव, महिला सहायता प्रकोष्ठ प्रभारी उपनिरीक्षक नीतू मिश्रा, महिला आरक्षी सविता, रागिनी चौबे, संध्या एवं अभिलाषा सहित अन्य पुलिसकर्मियों की सक्रिय भूमिका रही। पुलिस ने बताया कि परिवार परामर्श केंद्र का उद्देश्य वैवाहिक विवादों का सौहार्दपूर्ण समाधान कर परिवारों को टूटने से बचाना है।