Skip to content
City Super Fast News

City Super Fast News

Your Voice…

Primary Menu

सर्पदंश से बढ़ती मौतों पर रोकथाम के लिए स्वास्थ्य कर्मियों को दिया गया विशेष प्रशिक्षण

ब्यूरो 01-03-2025

हमारे पोस्ट को करें:

  • Share on X (Opens in new window) X
  • Share on Facebook (Opens in new window) Facebook
  • Share on LinkedIn (Opens in new window) LinkedIn
  • Share on Tumblr (Opens in new window) Tumblr
  • Share on Pinterest (Opens in new window) Pinterest
  • Share on WhatsApp (Opens in new window) WhatsApp
IMG-20250301-WA0014

जमानियां। सर्पदंश से होने वाली मौतों की बढ़ती संख्या को देखते हुए सरकार ने पायलट प्रोजेक्ट के तहत स्वास्थ्य कर्मियों के लिए एक दिवसीय प्रशिक्षण कार्यशाला आयोजित की। शनिवार को रेवतीपुर सीएचसी के सभागार में आयोजित इस कार्यशाला में आशा, सीएचओ सहित अन्य स्वास्थ्य कर्मियों को प्रशिक्षित किया गया। लखनऊ से आई दो सदस्यीय राज्य स्तरीय टीम ने इस प्रशिक्षण का संचालन किया, जिसका शुभारंभ मुख्य अतिथि मास्टर ट्रेनर डॉ. कैलाश यादव ने किया। उन्होंने सर्पदंश के लक्षण, बचाव और उपचार की विस्तृत जानकारी दी।

100 मिनट में उपचार मिलने से बच सकती है जान

डॉ. यादव ने बताया कि सांप काटने के बाद पीड़ित को दर्द, सूजन, फफोले, खून बहना, त्वचा का रंग बदलना, पसीना आना, सिर दर्द, आंखों में धुंधलापन और सांस लेने में तकलीफ जैसे लक्षण हो सकते हैं। उन्होंने कहा कि यदि पीड़ित को 100 मिनट के भीतर उचित उपचार मिल जाए, तो उसकी जान बचाई जा सकती है। उन्होंने यह भी बताया कि सर्पदंश से मृत्यु दर कम करने के लिए एंटीवेनम तक पहुंच में सुधार आवश्यक है। यह WHO की रणनीति का एक महत्वपूर्ण घटक है। उन्होंने जोर देकर कहा कि एंटीवेनम ही एकमात्र उपचार है जो सांप के जहर के प्रभाव को रोक सकता है।

गाजीपुर में पिछले साल 61 मौतें, पायलट प्रोजेक्ट से मिलेगा समाधान

डॉ. यादव ने जानकारी दी कि शासन के निर्देश पर पायलट प्रोजेक्ट के तहत गाजीपुर, बाराबंकी और सोनभद्र में यह प्रशिक्षण दिया जा रहा है। यदि इस पहल से सर्पदंश से होने वाली मौतों में कमी आती है, तो इसे पूरे प्रदेश में लागू किया जाएगा। उन्होंने खुलासा किया कि गाजीपुर जिले में पिछले एक साल में 61 लोगों की सर्पदंश से मौत हुई है, जो चिंता का विषय है।

कार्यशाला में मौजूद रहे ये स्वास्थ्य कर्मी

इस अवसर पर डॉ. आशीष सोनकर, जिला आपदा विशेषज्ञ अशोक राय, डॉ. शहनवाज, डॉ. जितेंद्र, डॉ. मनीष, सुनील कुशवाहा, आशुतोष सिंह, प्रिया राय, मेघा शर्मा, अनीता, स्माइल, कविता सहित अन्य स्वास्थ्य कर्मी उपस्थित रहे।

संबंधित समाचार

Post navigation

Previous: नाबालिग से हैवानियत: दोषी को उम्रकैद की सजा
Next: हसनपुरा के नवनिर्वाचित ग्राम प्रधान ऋषिकेश राय ने ली शपथ

हो सकता है आप चूक गए हों

bf3b5fc0-051a-4d79-aaa4-dae7d5d0e889

मां काली माता मंदिर के पुजारी हीरा बाबा का निधन, क्षेत्र में शोक की लहर

ब्यूरो 16-06-2026
8a2776ba-3639-4add-989b-f5aecf907455

प्लास्टिक उन्मूलन महाअभियान के तहत दो किलो प्रतिबंधित पॉलीथिन जब्त, ₹2 हजार जुर्माना वसूला

ब्यूरो 16-06-2026
CSF-Logo-500x280

डम्पर की टक्कर से युवक की मौत, परिवार पर टूटा दुखों का पहाड़

ब्यूरो 16-06-2026
CSF-Logo-500x280

खेत बंटवारे के विवाद में विधवा महिला से मारपीट, तीन पर मुकदमा

ब्यूरो 16-06-2026
Copyright © All rights reserved. | MoreNews by AF themes.