गाजीपुर। कलेक्ट्रेट सभागार में सोमवार को मुख्य राजस्व अधिकारी आयुष चौधरी की अध्यक्षता तथा अपर जिलाधिकारी (वि./रा.) दिनेश कुमार की उपस्थिति में कर-करेत्तर एवं मासिक स्टाफ बैठक आयोजित की गई। बैठक के दौरान कर-करेत्तर मदों की समीक्षा करते हुए मुख्य राजस्व अधिकारी ने परिवहन, वन विभाग, स्टाम्प, नगर पालिका, ऑडिट आपत्ति, चकबंदी, व्यापार कर, विद्युत देय, आबकारी, अंश निर्धारण एवं मोटर देय आदि से संबंधित वसूली की विस्तारपूर्वक समीक्षा की। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया कि अपने-अपने लक्ष्यों के सापेक्ष वसूली सुनिश्चित करें, इसमें किसी भी प्रकार की लापरवाही क्षम्य नहीं होगी।
इसके उपरांत मुख्य राजस्व अधिकारी ने राजस्व विभाग के अधिकारियों के साथ मासिक स्टाफ बैठक की। बैठक में लंबित एवं विवादित प्रकरणों, दाखिल-खारिज तथा विवादित वादों के शीघ्र निस्तारण के निर्देश दिए गए। उन्होंने समस्त उप जिलाधिकारियों, तहसीलदारों एवं अन्य राजस्व अधिकारियों को निर्देशित किया कि सरकार की मंशा के अनुरूप चलाए जा रहे कार्यक्रमों का तत्परता से क्रियान्वयन सुनिश्चित करें, ताकि राजस्व योजनाओं का लाभ जनसामान्य को सुगमता से प्राप्त हो सके। मुख्य राजस्व अधिकारी ने राजस्व वसूली को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए डिमांड के अनुरूप वसूली सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने धारा 24, 34 एवं 116 के अंतर्गत एक वर्ष से अधिक लंबित वादों का समयबद्ध निस्तारण करने तथा धारा 67 के मामलों में टीम गठित कर स्थलीय सत्यापन के माध्यम से निस्तारण करने के निर्देश दिए। बैठक में धारा 33, ई-परवाना, अंश निर्धारण की प्रगति की समीक्षा की गई। धारा 34 की सुनवाई एवं निष्पादन में तहसीलदार एवं नायब तहसीलदारों को गंभीरता से कार्य करने के निर्देश दिए गए, साथ ही उप जिलाधिकारियों को इसकी नियमित समीक्षा करने को कहा गया। इसके अतिरिक्त सीमा स्तंभ, कृषि भूमि पट्टा, आवास हेतु भूमि आवंटन, कुम्हारीकलां पट्टा आवंटन, अंश निर्धारण एवं अंश संशोधन की प्रगति की भी समीक्षा कर आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए। बैठक में जनपद के समस्त उप जिलाधिकारी, तहसीलदार, नायब तहसीलदार एवं पटल सहायक उपस्थित रहे।