गाजीपुर। उचित दर विक्रेताओं के हित में प्रदेश सरकार द्वारा लाभांश में 30 प्रतिशत की वृद्धि कर ₹125 प्रति कुंतल किए जाने के अवसर पर सोमवार को जनपद की सभी सातों विधानसभा क्षेत्रों—सदर, जंगीपुर, जखनियां, जमानियां, जहूराबाद, मुहम्मदाबाद और सैदपुर—में मुख्यमंत्री के कार्यक्रम का भव्य एवं समारोहपूर्वक सजीव प्रसारण किया गया। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में कोटेदार, जनप्रतिनिधि एवं अधिकारी शामिल हुए। लाभांश वृद्धि की घोषणा पर उचित दर विक्रेताओं ने खुशी जताते हुए इसे आर्थिक मजबूती और सम्मान बढ़ाने वाला निर्णय बताया।
मुख्य कार्यक्रम लखनऊ स्थित लोक भवन में आयोजित किया गया था, जिसका जिले के सभी विधानसभा क्षेत्रों में लाइव प्रसारण किया गया। सदर विधानसभा क्षेत्र का कार्यक्रम राइफल क्लब में आयोजित हुआ। यहां मुख्य अतिथि राज्यसभा सांसद डॉ. संगीता बलवंत रहीं। इस दौरान जिला पंचायत अध्यक्ष सपना सिंह, पूर्व जिलाध्यक्ष सुनील सिंह, जिलाधिकारी अनुपम शुक्ला, अपर जिलाधिकारी वेद सिंह चौहान, जिला पूर्ति अधिकारी अनंत प्रताप सिंह सहित जनप्रतिनिधि, अधिकारी और बड़ी संख्या में उचित दर विक्रेता मौजूद रहे। वहीं जमानियां विधानसभा क्षेत्र में कार्यक्रम की मुख्य अतिथि पूर्व विधायक सुनीता सिंह रहीं। अन्य विधानसभा क्षेत्रों में संबंधित उपजिलाधिकारियों को नोडल अधिकारी नामित कर जनप्रतिनिधियों एवं उचित दर विक्रेताओं की मौजूदगी में कार्यक्रम आयोजित किया गया।
सरकार और जनता के बीच महत्वपूर्ण कड़ी हैं कोटेदार : मुख्यमंत्री
लखनऊ से प्रसारित मुख्यमंत्री के संबोधन में उचित दर विक्रेताओं की भूमिका की सराहना की गई। मुख्यमंत्री ने कहा कि कोटेदार शासन और जनता के बीच विश्वास की महत्वपूर्ण कड़ी हैं तथा सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाने में उनकी महत्वपूर्ण भूमिका है। उन्होंने कहा कि सरकार उचित दर विक्रेताओं के हितों और उनकी आर्थिक स्थिति को मजबूत करने के लिए लगातार प्रयास कर रही है। इसी क्रम में उनके लाभांश में 30 प्रतिशत की वृद्धि कर ₹125 प्रति कुंतल करने का निर्णय लिया गया है। उन्होंने कहा कि इस निर्णय से उचित दर विक्रेताओं को आर्थिक मजबूती मिलने के साथ उनके कार्य के प्रति सम्मान भी बढ़ेगा।
हर गांव में अन्नपूर्णा भवन बनाने का लक्ष्य
मुख्यमंत्री ने प्रदेश के प्रत्येक गांव में अन्नपूर्णा भवन स्थापित करने के लक्ष्य की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि प्रदेश में अब तक करीब 10 हजार अन्नपूर्णा भवनों का निर्माण कराया जा चुका है। इनके निर्माण में तेजी लाने के लिए सरकार की ओर से 500 करोड़ रुपये की धनराशि उपलब्ध कराई गई है। अन्नपूर्णा भवनों के माध्यम से उचित दर दुकानों को अधिक सुविधायुक्त और बहुउद्देशीय बनाने की दिशा में कार्य किया जा रहा है। इससे कोटेदारों को बेहतर सुविधाएं मिलने के साथ उनके कारोबार के विस्तार का भी अवसर मिलेगा।
राशन के साथ 39 अन्य वस्तुओं की बिक्री की सुविधा
मुख्यमंत्री ने बताया कि उचित दर विक्रेता अब सरकारी खाद्यान्न वितरण के साथ अपनी दुकानों से दैनिक उपयोग की करीब 39 अन्य वस्तुओं की बिक्री भी कर सकेंगे। इससे कोटेदारों की आय के अतिरिक्त स्रोत विकसित होंगे और ग्रामीण क्षेत्रों में लोगों को आवश्यक वस्तुएं स्थानीय स्तर पर ही उपलब्ध हो सकेंगी।
लाभांश वृद्धि को सांसद ने बताया उपहार
राज्यसभा सांसद डॉ. संगीता बलवंत ने कहा कि अन्नपूर्णा भवन संचालकों के लिए लाभांश वृद्धि की घोषणा किसी उपहार से कम नहीं है। उन्होंने लाभांश वृद्धि और श्रावण मास तथा नागपंचमी पर्व की शुभकामनाएं देते हुए कहा कि इस निर्णय से उचित दर विक्रेताओं का सम्मान और मनोबल दोनों बढ़ेगा। उन्होंने कहा कि वर्तमान सरकार के कार्यकाल में कोटेदारों के मान-सम्मान में वृद्धि हुई है और जनता का विश्वास भी उनके प्रति मजबूत हुआ है। अन्नपूर्णा भवनों के माध्यम से अब उचित दर विक्रेताओं को खाद्य पदार्थों के साथ अन्य आवश्यक वस्तुओं के विक्रय का अवसर मिलेगा, जिससे उनकी आमदनी में वृद्धि होगी। उन्होंने बताया कि इन भवनों में वेयरहाउस की सुविधा भी उपलब्ध कराई जाएगी, जिससे आवश्यक वस्तुओं का सुरक्षित रख-रखाव संभव हो सकेगा।
पात्र लोगों तक राशन पहुंचाना प्राथमिकता : डीएम
जिलाधिकारी अनुपम शुक्ला ने कहा कि राशन प्रत्येक पात्र व्यक्ति का मूलभूत अधिकार है और प्रशासन का प्रयास है कि कोई भी पात्र व्यक्ति खाद्यान्न योजना के लाभ से वंचित न रहे। उन्होंने बताया कि राशन वितरण व्यवस्था में बायोमेट्रिक प्रणाली सहित कई सुधार किए गए हैं। स्वयं सहायता समूहों की सहभागिता को भी बढ़ावा दिया जा रहा है।उन्होंने कहा कि अन्य स्थानों पर स्थानांतरित हो चुके राशन कार्ड धारकों को चिन्हित किया जा रहा है, जबकि पात्र व्यक्तियों, दिव्यांगजनों सहित अन्य जरूरतमंद लोगों को राशन कार्ड से जोड़ने की प्रक्रिया जारी है। पात्र लोगों को आयुष्मान कार्ड और फैमिली आईडी से भी आच्छादित किया जा रहा है। डीएम ने कहा कि उचित दर विक्रेता सीधे जरूरतमंद उपभोक्ताओं से जुड़े होते हैं और प्रशासन तथा जनता के बीच महत्वपूर्ण कड़ी की भूमिका निभाते हैं। लाभांश में वृद्धि से उनका मनोबल बढ़ेगा और वे भविष्य में भी बेहतर सेवाएं देने के लिए और अधिक उत्साह के साथ कार्य करेंगे। कार्यक्रम के अंत में जनप्रतिनिधियों, अधिकारियों एवं उचित दर विक्रेताओं के प्रति आभार व्यक्त किया गया। जिले की सभी सातों विधानसभा क्षेत्रों में आयोजित कार्यक्रमों में कोटेदारों की उत्साहपूर्ण सहभागिता देखने को मिली।